नई दिल्ली, नगर संवाददाता: सरकार ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती को ‘‘पराक्रम दिवस’’ के तौर पर मनाने का निर्णय लिया है। बोस की 125वीं जयंती 23 जनवरी को मनाई जाएगी। केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद पटेल ने मंगलवार को यह जानकारी दी। पटेल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बोस की 125वीं जयंती के मौके पर 23 जनवरी को कोलकाता में पहले पराक्रम दिवस कार्यक्रम में भाग लेंगे और नेशनल लाइब्रेरी मैदान में एक प्रदर्शनी का भी उद्घाटन करेंगे। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल के 200 पटुआ कलाकार 400 मीटर लंबे कैनवास पर चित्रकारी करेंगे, जिसमें बोस के जीवन को दर्शाया जाएगा। वहीं, पेट्रोलियम मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ओडिसा के कटक में आयोजित होने वाले एक कार्यक्रम में भाग लेंगे, जहां बोस का जन्म हुआ था। इसके अलावा, बोस की जंयती के मौके पर गुजरात के सूरत में स्थित हरिपुरा गांव में एक भी कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा, जहां बोस वर्ष 1938 में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के अध्यक्ष चुने गए थे। मंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस की 125वीं जयंती को मनाने के लिए 85 सदस्यीय उच्च स्तरीय समिति का गठन किया है जो साल भर के कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार करेगी।
Latest News
संवेदनशील प्रशासन की मिसाल बने कलेक्टर मृणाल मीणा, विस्थापित ग्रामीणों की समस्याओं को सुनकर...
रिपोर्टर — राजकुमार शुक्ला, छतरपुर :- प्रशासनिक जिम्मेदारी केवल सरकारी योजनाओं और कागजी कार्रवाई तक सीमित नहीं होती, बल्कि जरूरतमंद लोगों की पीड़ा को...
धुन्धाड़ा स्थित श्री गिरधर रामेश्वर धाम में देवाधिदेव महादेव जी की 51 फीट विशाल...
रिपोर्टर - कानाराम घांची दईपड़ा, जोधपुर, राजस्थान :- आज श्रावण मास के द्वितीय सोमवार के पावन अवसर पर गांव धुन्धाड़ा स्थित श्री गिरधर रामेश्वर...
डीएम ने राजकीय पुस्तकालय का किया औचक निरीक्षण: प्रतियोगी छात्रों को बेहतर सुविधाएं देने...
रिपोर्टर - शैलेश, रायबरेली :- रायबरेली की जिलाधिकारी सरनीत कौर ब्रोका ने गुरुवार दोपहर 2:45 बजे राजकीय पुस्तकालय का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान...

















